छत्तीसगढ़ की लोक गायिका ममता चंद्राकर को मिलेगा संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार ,राष्टपति करेंगी सम्मानित..
November 26, 2022
लोक गायिका ममता चंद्राकर का चयन लोक कला श्रेणी साल 2019 के लिए किया गया है। उनको यह पुरस्कार लोक संगीत के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए मिलेगा।

रायपुर,26 नवम्बर – संगीत नाटक अकादमी, राष्ट्रीय संगीत, नृत्य और नाटक अकादमी, नई दिल्ली की सामान्य परिषद ने वर्ष 2019, 2020 और 2021 हेतु अकादमी पुरस्कार के अंतर्गत संगीत नाटक के लिए संगीत, नृत्य, रंगमंच, पारंपरिक / लोक / जनजातीय संगीत /नृत्य / रंगमंच, कठपुतली कला और प्रदर्शन कला में समग्र योगदान / छात्रवृत्ति के लिए के क्षेत्र से 128 कलाकारों का चयन किया है। इन 128 कलाकारों में तीन संयुक्त पुरस्कार शामिल हैं।

अकादमी पुरस्कार में एक ताम्रपत्र और अंगवस्त्रम के अलावा 1,00,000/- रुपये (एक लाख रुपये) की नकद राशि दी जाती है। संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार भारत के राष्ट्रपति द्वारा एक विशेष अलंकरण समारोह में प्रदान किए जाएंगे। लोक गायिका ममता चंद्राकर का चयन लोक कला श्रेणी साल 2019 के लिए किया गया है। उनको यह पुरस्कार लोक संगीत के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए मिलेगा। उन्होंने छत्तीसगढ़ के राज्यगीत अरपा पैरी के धार को भी स्वर प्रदार किया है।

ये प्रख्यात कलाकार प्रदर्शन कला के संपूर्ण सरगम – जैसे कि हिंदुस्तानी और कर्नाटक दोनों प्रकार का गायन; वाद्य संगीत, बांसुरी, सितार और मृदंगम सहित हिंदुस्तानी और कर्नाटक दोनों में वादन; साथ में सुगम संगीत एवं हरि कथा; भारतीय नृत्य के प्रमुख रूप जैसे भरतनाट्यम, कथक, कथकली, कुचिपुड़ी, ओडिसी, सत्त्रिया, मोहिनीअट्टम और समकालीन नृत्य; नाटक लेखन, निर्देशन, अभिनय, श्रृंगार, प्रकाश व्यवस्था, मंच डिजाइन जैसे रंगमंच की विभिन्न विशेषज्ञताएँ; इसाई नाटकम जैसे रंगमंच की अन्य प्रमुख परंपराओं; लोक एवं आदिवासी कलाओं के साथ-साथ कठपुतली और वाद्य यंत्र बनाने की कलाओं का प्रतिनिधित्व करते हैं।



