कांग्रेस राज में भ्रष्टाचार चरम पर.. डीईओ एवं बीईओ मालामाल हो रहे है.. प्रधान पाठक पदोन्नति एवं पदस्थापना में करोड़ों का लेनदेन- अलका चंद्राकर..

कांग्रेस राज में भ्रष्टाचार चरम पर.. डीईओ एवं बीईओ मालामाल हो रहे है.. प्रधान पाठक पदोन्नति एवं पदस्थापना में करोड़ों का लेनदेन- अलका चंद्राकर..

October 19, 2022 0 By Central News Service


महासमुंद 19 अक्टूबर 2022/ जिला पंचायत सदस्य अलका चंद्राकर ने कांग्रेस सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस राज में भ्रष्टाचार चरम पर है। जिला पंचायत सदस्य एवं भाजपा नेत्री ने कहा कि जिलें में सहायक शिक्षकों से प्रमोशन उपरांत प्रधान पाठक एवं पदस्थापना हेतु करोड़ों रुपए का लेनदेन चालू है।

श्रीमती चंद्राकर ने कहा कि महासमुंद जिले में सहायक शिक्षकों के प्रमोशन एवं मनचाहे स्थान पर पदस्थापना हेतु जिला शिक्षा अधिकारी, अधिकारी कार्यालय में करोड़ों का लेनदेन चल रहा है। शिक्षकों के 1 माह का वेतन उनके बताए स्कूलों में पदस्थापना हेतु लिया जा रहा है और जाहिर सी बात है कोई भी शिक्षक अपनी मनपसंद सुविधानुसार स्कूल में जाना चाहेगा। तो उनकी भी मजबूरी है, किंतु आज कांग्रेस की सरकार में ट्रांसफर पोस्टिंग पदस्थापना एक व्यापार हो चुका है।

आज पूरे जिलों में शिक्षकों की कमी के चलते अव्यवस्था हो रही है। भ्रष्टाचार का आलम यह है कि कई मृत शिक्षक सेवानिवृत्त सस्पेंड शिक्षकों को हेड मास्टर की पोस्टिंग दी गई है। बागबाहरा विकासखंड में 65 स्कूल एक अरविंद शिक्षक हैं स्कूलों में तालाबंदी की नौबत आ गई है। लेकिन जिला शिक्षा अधिकारी को उससे कोई मतलब नहीं है, उन्हें अपनी जेब भरने में ही ध्यान हैं। क्योंकि भूपेश राज में अधिकारी भी मोटी रकम लेकर अपनी पदस्थापना करवाए हैं। दूसरी तरफ कई ईमानदार अधिकारी एक-दो माह से ज्यादा नहीं रह पा रहे हैं।एक अधिकारी का तो 5 घंटे में ही ट्रांसफर आर्डर दूसरी जगह निकाला गया। तीन माह में तीन बार हुआ है, जो भूपेश सरकार के ट्रांसफर उद्योग को भ्रष्टाचार उद्योग व्यापार सिद्ध करता है।

श्रीमती चंद्राकर ने चेतावनी देते हुए कहा कि आज सरकार आत्मानंद स्कूल खोले जा रही है, वहां भी अंग्रेजी माध्यम से शिक्षित शिक्षक की कमी है। हिंदी माध्यम के शिक्षकों को व्यवस्था के तहत नियुक्ति की गई है। जब अंग्रेजी माध्यम के आत्मानंद स्कूल है, तो क्यों हिंदी माध्यम के शिक्षक प्रतिनिधि सरासर गलत है। आज भूपेश सरकार के राज में शिक्षा व्यवस्था चरमरा गई है जो इनकी छत्तीसगढ़ सरकार के बच्चों के प्रति सोच दर्शाता है। आज शिक्षा विभाग के जिला शिक्षा अधिकारी एवं विकास खंड अधिकारी बाबू इस खेल में मालामाल हो रहे हैं उन्हें उन्हें स्कूल में शिक्षकों के रिक्त पद से कोई वास्ता नहीं है। अलका चंद्राकर ने कहा कि बागबाहरा विकासखंड में स्वीकृत पद के शिक्षक नहीं होने पर आंदोलन किया जाएगा जिसकी संपूर्ण जवाबदारी शासन प्रशासन की होगी।